Tuesday, 3 July 2012

विकासशील देशों में तेजी से बढ़ रहे हैं इंटरनेट यूजर्स


इस तरह पूरी दुनिया में अब 87 प्रतिशत मोबाइल धारक हैं जिनमें 79 प्रतिशत विकासशील देशों में हैं।
2011 तक दुनिया के 160 से अधिक देशों ने 3जी सेवा शुरु कर दी है और पूरी दुनिया की 45 प्रतिशत आबादी हाई स्पीड मोबाइल ब्रॉडबैंड सेवा प्राप्त कर रही है। जानिए कुछ खास बातें:- -इंटरनेट यूजर्स के मामले में भारत विश्व का तीसरा सबसे बड़ा देश है। दिसंबर 2011 में भारत में इंटरनेट का इस्तेमाल करने वालों की संख्या 121 मिलियन से ज्यादा है, जिसमें से 59 प्रतिशत लोग मोबाइल के जरिए इंटरनेट का इस्तेमाल करते हैं। -एक सर्वे के मुताबिक भारत में 46 मिलियन लोग सोशल नेटवर्किंग साइट फेसबुक पर एक्सेस करते हैं। -महिलाओं के मुकाबले पुरुष इंटरनेट का ज्यादा इस्तेमाल करते हैं, लेकिन एक रोचक तथ्य यह है कि 35-45 आयु वर्ग की महिलाएं इंटरनेट का इस्तेमाल पुरुषों से ज्यादा करती हैं। -भारत में सोशल नेटवर्किंग साइट पर 85, ई-मेल के लिए 78, समाचार के लिए 58, सर्चइंजिन के लिए 87 जबकि शिक्षा के लिए 41 प्रतिशत लोग इंटरनेट का इस्तेमाल करते हैं। -भारत में इंटरनेट के सबसे सक्रिय और ज्यादा यूजर्स 15 से 34 आयु वर्ग के हैं। -मोबाइल का इस्तेमाल करने के मामले में भारत दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा देश है। मार्च 2012 के आंकड़ों के आधार पर 919 मिलियन लोग भारत में मोबाइल का इस्तेमाल कर रहे हैं। -साल 2012 में टेलीकॉम इंडस्ट्री के 26 प्रतिशत बढ़ोतरी के साथ 3,44,921 करोड़ रुपए तक पहुंचने का अनुमान है। -बात अगर ब्रॉडबैंड की करें तो इस मामले में महाराष्ट्र 18 लाख यूजर्स के साथ तमिलनाडु (13.3 लाख) और कर्नाटक (11.3 लाख) से काफी आगे है।
इंटरनेट यूजर्सः-
 
देश
आबादी (2011) 
इंटरनेट यूजर्स (मार्च 2012)
चीन 
1,336, 718, 015
513, 100,00
अमेरिका
313,232,044 
245,203,319
भारत
1,189,172,906
121,000,000
जापान
126,475,664
101,228,736
जर्मनी 
81,471, 834
67,364,898
रूस 
138,739,892
61,472,011
इंटरनेट यूजर्स का राज्यवार ब्यौराः-
(2011 सेंसस रिपोर्ट के अनुसार)
राज्य 
घर
कंप्यूटर
इंटरनेट कनेक्शन
उत्तराखंड
1997068
219677
63906
दिल्ली+एनसीआर
3340538
972097
587935
उत्तर प्रदेश 
32924266
2666866
625561
बिहार 
18940629 
1344785
170466
झारखंड
6181607
426531
92724

ओलंपिक सुरक्षा के लिए मिसाइल तैनात करेगा ब्रिटेन


 
अल कायदा के आतंकी हमले करने की आशंका की खुफिया रिपोर्टों के बीच ब्रिटेन ने मंगलवार को घोषणा की कि वह आगामी ओलंपिक के समग्र और बहु स्तरीय वायु सुरक्षा योजना के हिस्से के तौर पर लंदन और इसके आसपास छह स्थानों पर सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइलें तैनात करेगा। हालांकि 27 जुलाई से 12 अगस्त होने वाले खेलों के महाकुंभ के दौरान सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जिन स्थानों पर मिसाइलों को तैनात किया जाएगा वहां रहने वाले कुछ लोगों ने इस कदम का विरोध करने के लिए याचिका भी दायर की है।
 रक्षा सचिव फिलिप हेमंड ने कहा कि जनता उम्मीद करती है कि हम वर्षों में एक बार इस प्रतियोगिता की मेजबानी के दौरान सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुख्ता कदम उठाएंगे। हेमंड ने कहा कि जमीन आधारित वायु रक्षा प्रणाली समग्र, बहु स्तरीय सुरक्षा योजना का एक हिस्सा है जिसमें बारे में मुझे लगता है कि यह सुरक्षा मुहैया कराएगा और विरोधियों को हतोत्साहित करेगा।